बस इसलिए हम अब कुछ नहीं लिखते तेरे सामने ,
मैं कहूंगा मेरे पास आ जाओ
तुम कहोगी मजबूरियां हैं
मैं कहूंगा कि बुरा है वो
तुम कहोगी के थोड़ी बुराई सब में है
मैं कहूंगा बहुत चाहता हूं मैं तुम्हें
तुम कहोगी के चाहते तो वो भी बहुत हैं मुझे
फिर...
बातों में मुझसे तुम जीत ती जाओगी
और बातों से मैं हारता जाऊंगा
फिर बहुत समझाओगी मुझे
और फिर आखिर में मैं रो पडूंगा...
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